रानीवाड़ा (Raniwada) जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जालोर के तत्वावधान में रविवार को रानीवाड़ा में राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। लोक अदालत का आयोजन न्यायिक मजिस्ट्रेट मदनसिंह चौधरी की अध्यक्षता में किया गया, जिसमें लंबे समय से लंबित प्रकरणों के त्वरित एवं आपसी समझाइश से निस्तारण पर विशेष जोर दिया गया। लोक अदालत में कुल 300 पुराने पेंडिंग मामलों को सुनवाई के लिए रखा गया, जिनमें से बड़ी संख्या में प्रकरणों का मौके पर ही आपसी सहमति से समाधान किया गया। इससे न केवल न्यायालयों पर लंबित मामलों का बोझ कम हुआ, बल्कि आमजन को शीघ्र न्याय भी मिला। इस अवसर पर उपखंड अधिकारी सुनील कुमार, डीएसपी भवानीसिंह इंदा, तहसीलदार हंवन्तसिंह, विद्युत विभाग के अधिशासी अभियंता भरत देवड़ा तथा बार एसोसिएशन रानीवाड़ा के अध्यक्ष वीर बहादुरसिंह देवड़ा सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, अधिवक्ता एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। लोक अदालत में बैंकों, विद्युत विभाग सहित विभिन्न विभागों से संबंधित मामलों का निस्तारण किया गया। विशेष रूप से ऋण वसूली, बिजली बिल विवाद, राजस्व एवं अन्य दीवानी मामलों में पक्षकारों के बीच समझौता कर समाधान कराया गया। न्यायिक मजिस्ट्रेट मदनसिंह चौधरी ने बताया कि लोक अदालत का मुख्य उद्देश्य आमजन को सुलभ, शीघ्र एवं सस्ता न्याय उपलब्ध कराना है। लोक अदालत के माध्यम से विवादों का समाधान सौहार्दपूर्ण वातावरण में होने से समय, धन और श्रम की बचत होती है। कार्यक्रम में मौजूद अधिकारियों एवं अधिवक्ताओं ने भी लोक अदालत की उपयोगिता पर प्रकाश डालते हुए आमजन से अधिक से अधिक संख्या में लोक अदालत का लाभ उठाने की अपील की। आयोजन के सफल संचालन से रानीवाड़ा क्षेत्र के नागरिकों को त्वरित न्याय मिलने से संतोष व्यक्त किया गया।
रिपोर्ट – मुकेश लाखारा
