बाड़मेर (Barmer) जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, बाड़मेर और सोसायटी टू अपलिफ्ट रूरल इकोनाॅमी (श्योर) बाड़मेर संयुक्त तत्वावधान में सामाजिक सरोकार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए बाड़मेर रेलवे स्टेशन पर निशक्तजनों, दिव्यांगों और बुजुर्ग यात्रियों की सुगम आवाजाही हेतु व्हीलचेयर की व्यवस्था की गई। यह पहल माननीय अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (जिला एवं सत्र न्यायाधीश) बाड़मेर, श्री अजिताभ आचार्य एवं माननीय सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, श्री कृष्णा गुप्ता के मार्गदर्शन और निर्देशन में संपन्न हुई। सुगम यातायातरू रेलवे स्टेशन पर आने वाले ऐसे यात्री जो चलने-फिरने में असमर्थ हैं या वृद्ध हैं, उन्हें प्लेटफॉर्म तक पहुँचने में अब असुविधा नहीं होगी।समान अधिकाररू इस सेवा का मुख्य उद्देश्य समाज के वंचित और शारीरिक रूप से अक्षम वर्ग को समान सुविधाएं प्रदान करना और उनके कानूनी व मानवीय अधिकारों का संरक्षण करना माननीय अध्यक्ष श्री अजिताभ आचार्य ने इस अवसर पर कहा कि न्याय केवल अदालतों तक सीमित नहीं है, बल्कि समाज के अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति की समस्याओं का समाधान करना और उन्हें बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराना भी न्याय का ही एक रूप है। रेलवे स्टेशन पर व्हीलचेयर की उपलब्धता से दिव्यांगजनों और वृद्धों का सफर अधिक सम्मानजनक और सुलभ हो सकेगा। सचिव श्री कृष्णा गुप्ता ने बताया कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण समय-समय पर आमजन की समस्याओं के निराकरण हेतु इस प्रकार के लोक कल्याणकारी कार्य करता रहता है। उन्होंने रेलवे प्रशासन से भी इन सुविधाओं के उचित रखरखाव और जरूरतमंदों तक इसकी समय पर पहुँच सुनिश्चित करने का आग्रह किया। इस कार्यक्रम के दौरान रेलवे अधीक्षक मदनलाल जैन, चीफ एलडीसीएस नरपतसिंह जाणी, अधिवक्ता देवराज चैधरी, दीपक गोदारा, ममता कुमारी और अधिकार मित्र जसराज उपस्थित रहे।
रिपोर्ट – ठाकराराम मेघवाल
