राजसमंद (Rajsamand) भारतीय जनता पार्टी राजसमन्द पूर्व जिला अध्यक्ष एवं कोटा देहात जिला संगठन प्रभारी मान सिंह बारहठ ने मंगलवार को भाजपा कार्यकर्ताओ के साथ पुठोल पंचायत में मनरेगा के कार्मिको को VB-GRAM-G बिल (विकसित भारत गारंटी फॉर रोजगार और आजीविका मिशन – ग्रामीण) की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने वहा उपस्थित श्रमिकों को इस बिल के बारे मे बताते हुए कहा की यह बिल ग्रामीण भारत के विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है, जो रोजगार, आजीविका और गांवों को आत्मनिर्भर बनाने की मजबूत नींव रखता है।बारहठ ने श्रमिको को समजाया की यह कानून मूल रूप से वर्ष 2005 में नरेगा के रूप में लागू हुआ था, जिसे 2009 में महात्मा गांधी का नाम देकर मनरेगा किया गया। अब समय की आवश्यकता को समझते हुए केंद्र सरकार ने इसे और अधिक प्रभावी बनाकर VB-GRAM-G के रूप में प्रस्तुत किया है। देश की लगभग 70 प्रतिशत आबादी गांवों में निवास करती है, ऐसे में ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन और शहरों की ओर पलायन रोकने के लिए यह बिल अत्यंत आवश्यक था ,जहां मनरेगा में 100 दिन के रोजगार की गारंटी थी, वहीं VB-GRAM-G बिल में ग्रामीण परिवारों को प्रति वर्ष 125 दिन के रोजगार की गारंटी दी गई है। साथ ही निर्णय लेने की प्रक्रिया को भी विकेंद्रीकृत किया गया है। बारहठ ने कहा कि इस बिल के माध्यम से ग्राम पंचायतों को अपने गांव के विकास का खाका स्वयं तैयार करने और उसे केंद्र सरकार तक पहुंचाने का अधिकार मिलेगा यह शक्ति प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गांव के लोगों को सौंपी है, जिससे गांव अपने विकास का स्वयं नेतृत्व कर सके, पहले जहां फैसले दिल्ली से होते थे, अब पंचायत के फीडबैक और गांव की जरूरतों के आधार पर योजनाएं बनाई जाएंगी साथ ही उन्होंने बताया कि खेती के चरम सीजन में मजदूरों की कमी न हो, इसके लिए साल में 60 दिन तक योजना को विश्राम दिया जाएगा। यह कदम किसानों के हित में उठाया गया है, जिस पर पहले की सरकारों ने गंभीरता से विचार नहीं किया।मान सिंह बारहठ ने यह भी बताया कि यदि किसी पात्र व्यक्ति को 15 दिनों के भीतर कार्य उपलब्ध नहीं होता है तो उसे बेरोजगारी भत्ता दिया जाएगा। साथ ही भ्रष्टाचार पर रोक लगाने के लिए भुगतान प्रणाली को पूरी तरह पारदर्शी और तकनीक आधारित बनाया गया है, जिससे पैसा सीधे लाभार्थी के खाते में पहुंचेगा, जहां पहले मनरेगा के अंतर्गत अधिकतर कच्चे कार्य होते थे, वहीं VB-GRAM-G में पक्के और स्थायी कार्यों पर विशेष जोर दिया गया है, ताकि गांवों को दीर्घकालिक लाभ मिले और वास्तविक विकास नजर आए। उन्होंने उपस्थित कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे इस जन कल्याणकारी एक्ट की जानकारी हर गांव और हर परिवार तक पहुंचाएं, ताकि ग्रामीण भारत को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाया जा सके। इस अवसर पर भाजपा जिला प्रवक्ता नर्बदा शंकर पालीवाल पूर्व उपसरपंच प्रेम सिंह राठौड़ शक्ति केंद्र सयोजक सुमेर सिंह सहित भाजपा कार्यकर्ताओ एवं नरेगा श्रमिक उपस्थित थे।
रिपोर्ट – नरेंद्र सिंह खंगारोत
