
राजसमंद (Rajsamand) राजस्थान राजसमंद जिले के ग्रामीण अंचल से निकलकर राष्ट्रीय मंच पर अपनी प्रभावी पहचान स्थापित करने वाली ग्राम पंचायत मण्डावर की प्रशासक प्यारी कुमारी चौहान को नेशनल वूमेन असेंबली समिट 2025 में ‘आउटस्टैंडिंग लीडर अवार्ड’ से सम्मानित किया गया। यह सम्मान उनके सशक्त नेतृत्व, जमीनी विकास कार्यों और महिला सशक्तिकरण के निरंतर प्रयासों का राष्ट्रीय स्तर पर मूल्यांकन है।महिला नेतृत्व को सशक्त मंच प्रदान करने के उद्देश्य से आयोजित इस समिट में देशभर से सभी प्रमुख राजनीतिक दलों की सांसद, विधायक, जिला प्रमुख, प्रधान एवं सरपंच सहित चयनित 100 श्रेष्ठ महिला जनप्रतिनिधियों ने भाग लिया। यह आयोजन 14 दिसंबर 2025 को मानसरोवर, जयपुर में संपन्न हुआ, जिसका आयोजन फोकस भारत द्वारा किया गया।जमीनी कार्यों को मिला राष्ट्रीय मंचसरपंच प्यारी कुमारी चौहान, का चयन ग्राम स्तर पर किए गए विकास कार्यों, पारदर्शी प्रशासन, जनभागीदारी को बढ़ावा देने, महिला नेतृत्व को सशक्त करने और सामाजिक सरोकारों के प्रति उनकी प्रतिबद्धता के आधार पर किया गया। उनके नेतृत्व में ग्राम पंचायत मण्डावर ने सुशासन और विकास के कई प्रभावी मॉडल प्रस्तुत किए हैं जो अन्य पंचायतों के लिए प्रेरणास्रोत बन रहे हैं।राजसमंद जिले के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धियह सम्मान केवल एक व्यक्ति की उपलब्धि नहीं, बल्कि समूचे राजसमंद जिले और ग्रामीण महिला नेतृत्व की सफलता का प्रतीक है। यह सिद्ध करता है कि दृढ़ संकल्प, सकारात्मक सोच और जनसेवा के माध्यम से गांव की महिलाएं भी राष्ट्रीय स्तर पर अपनी सशक्त उपस्थिति दर्ज करा सकती हैं।सम्मान प्राप्त करने के बाद सरपंच प्यारी कुमारी चौहान ने कहा—“यह सम्मान मेरा व्यक्तिगत नहीं है। यह मण्डावर की जनता, पंचायत टीम, क्षेत्र की महिलाओं और मेरे परिवार के सहयोग का परिणाम है। यह अवार्ड मुझे गांव के सर्वांगीण विकास और महिला सशक्तिकरण के लिए और अधिक जिम्मेदारी के साथ काम करने की प्रेरणा देता है।”समिट के दौरान महिला आरक्षण, नीति निर्माण में महिलाओं की भूमिका, स्थानीय स्वशासन को मजबूत करने और लोकतंत्र में महिलाओं की निर्णायक भागीदारी जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर गहन विचार-विमर्श हुआ। साथ ही विभिन्न राज्यों से आई सांसदों और विधायकों के साथ अनुभव साझा करने का अवसर भी मिला।
रिपोर्ट – नरेंद्र सिंह खंगारोत
