राजसमंद (Rajsamand) नाथद्वारा द अंकुर बी.एड महाविद्यालय में आज 76वां संविधान दिवस अत्यंत उत्साह और गरिमा के साथ मनाया गया। समारोह की अध्यक्षता महाविद्यालय के निदेशक विपुल कौशिक ने की।कार्यक्रम के मुख्य वक्ता के रूप में डॉ. हरेश एम पटेल, हेमचंद्राचार्य गुजरात विश्वविद्यालय, पाटन ने उपस्थित रहकर भारतीय संविधान की उत्पत्ति, महत्व और इसकी मौलिक विशेषताओं पर प्रकाश डालते हुए युवाओं को संविधान के प्रति कर्तव्यनिष्ठ रहने का संदेश दिया।समारोह के विशिष्ट वक्ता के रूप में धर्मेंद्र टेलर,अजीम प्रेमजी फाउंडेशन, बेंगलुरु ने भाग लिया। उन्होंने संविधान में निहित मूल्यों—न्याय, स्वतंत्रता, समानता एवं बंधुत्व—की विस्तारपूर्वक व्याख्या करते हुए विद्यार्थियों को संविधान के प्रति जागरूक रहने की प्रेरणा दी।कार्यक्रम का मार्गदर्शन महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. प्रदीप पानेरी ने किया। उन्होंने संविधान निर्माताओं के योगदान को याद करते हुए कहा कि संविधान भारत की आत्मा है, जो देश को एकता, अखंडता एवं लोकतांत्रिक मूल्यों से जोड़ता है। कार्यक्रम में विद्यार्थियों द्वारा संविधान पर आधारित नाटक, गीत,कविताआदि प्रस्तुत किए गए इसे पूर्व निबंध एवं पोस्टर प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया समारोह में महाविद्यालय के संपूर्ण स्टाफ, विद्यार्थी एवं अतिथि बड़ी संख्या में उपस्थित रहे। उमेश रावल द्वारा विद्यार्थियों को संविधान की उद्देश्यिता के प्रति निष्ठावान रहने की शपथ दिलाई गई निदेशक विपुल कौशिक ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया और विद्यार्थियों को संविधान के प्रति जागरूक, जिम्मेदार एवं सक्रिय नागरिक बनने का संदेश दिया । इस सेमिनार को आयोजित करने का कार्य डॉ तुलसीराम व्यास और डॉ कुंदन बंसल ने किया l वही कार्यशाला का आयोजन पुराण ग्रुप के अनिता भाटी और विष्णु पुरोहित के द्वारा किया गया l साथी राजनीतिक विज्ञान के विभाग अध्यक्ष डॉ शकुंतला पालीवाल और डॉ तुलसीराम व्यास को सम्मानित किया गया l अंत में महाविद्यालय के शारीरिक शिक्षक कपिल पुरोहित के नेतृत्व में विद्यार्थियों द्वारा जागरूकता रैली निकाली गई जिसमें विद्यार्थियों ने संविधान दिवस से संबंधित संदेशों के साथ समाज को जागरूक करने की पहल की ।
रिपोर्ट – नरेंद्र सिंह खंगारोत
