
जैसलमेर (Jaisalmer) राज्य सरकार के निर्देशानुसार ग्राम उत्थान शिविर-2026 के तहत पंचायत समिति फतेहगढ़ की ग्राम पंचायत चेलक में आयोजित ग्राम उत्थान शिविर ने ग्रामीण विकास की नई इबारत लिखते हुए जनसेवा का सशक्त उदाहरण प्रस्तुत किया। शिविर में प्रशासन सीधे गांव की चौखट तक पहुंचा, जहां ग्रामीणों की समस्याओं का त्वरित समाधान हुआ एवं पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का वास्तविक लाभ मौके पर ही प्रदान किया गया। इससे पूरे क्षेत्र में उत्साह, विश्वास और संतोष का माहौल देखने को मिला। शिविर में विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कार्मिकों ने समन्वित प्रयासों के साथ ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और अनेक प्रकरणों का तुरंत निस्तारण किया। ग्राम चेलक, बींजोता एवं आसपास की ढाणियों से बड़ी संख्या में पहुंचे ग्रामीणों ने अधिकारियों से सीधे संवाद कर अपनी समस्याओं का समाधान प्राप्त किया। शिविर ने प्रशासन और आमजन के बीच संवाद को सशक्त करते हुए विश्वास की नई नींव रखी। शिविर प्रभारी एवं विकास अधिकारी पंचायत समिति फतेहगढ़ हरिशंकर राय ने बताया कि शिविर में प्रशासक प्रतिनिधि हीर सिंह भाटी, वार्ड पंच विक्रम सिंह व तगाराम, ग्राम विकास अधिकारी चेलक सहित राजस्व, कृषि, पंचायतीराज, सहकारिता, पशुपालन एवं अन्य विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे। सभी विभागों ने मिलकर ग्रामीणों को योजनाओं की जानकारी, आवश्यक सेवाएं एवं विभिन्न लाभ प्रदान किए। शिविर के दौरान प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत ग्राम पंचायत चेलक के तीन आवासहीन लाभार्थी ग्राम बींजोता के अब्दुल रहमान, चेलक के प्रकाश राम एवं अनोप सिंह को गृह प्रवेश हेतु प्रतीकात्मक चाबी सुपुर्द की गई, जिससे उनके वर्षों पुराने सपनों को साकार रूप मिला। साथ ही, सिंचाई विभाग द्वारा सिंचाई पाइप लाइन योजना के तहत ग्राम बींजोता निवासी रुपसिंह पुत्र मगसिंह को 15 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई। वहीं मूलीदेवी पत्नी प्रीतम राम को तारबंदी योजना तथा हस्तूदेवी पत्नी लोंगाराम को भी 40-40 हजार रुपये की स्वीकृति राशि प्रदान कर लाभान्वित किया गया। लाभार्थियों ने योजनाओं का सीधा लाभ मिलने पर हर्ष व्यक्त करते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री भजनलाल शर्मा, राज्य सरकार एवं जिला प्रशासन का तहेदिल से आभार जताया। ग्राम उत्थान शिविर की इस प्रभावी पहल ने ग्रामीणों को एक ही मंच पर समाधान और सुविधा उपलब्ध कराते हुए विकास को नई गति दी है तथा जनकल्याणकारी योजनाओं को धरातल पर साकार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम सिद्ध हुआ है।
रिपोर्ट – कपिल डांगरा
