
भीलवाड़ा (Bhilwara) गर्भवती महिलाओं, शिशुओं और आमजन को स्वस्थ मातृत्व व सुरक्षित शिशु जन्म के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से चिकित्सा विभाग द्वारा मंगलवार को जिले के आंगनबाड़ी केन्द्रों पर शक्ति दिवस का आयोजन किया गया। इस अवसर पर बच्चों को आयरन सिरप पिलाई गई तथा गर्भवती महिलाओं को एलईडी स्क्रीन टीवी के माध्यम से ‘गर्भ की पाठशाला’ यूट्यूब चैनल के जरिए स्वास्थ्य संबंधी महत्वपूर्ण जानकारियां दी गईं। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजीव कुमार शर्मा ने बताया कि अतिरिक्त मिशन निदेशक (एनएचएम) एवं निदेशक आईईसी डॉ. टी. शुभमंगला के निर्देशन में इस यूट्यूब चैनल की शुरुआत की गई है। आंगनबाड़ी केन्द्रों पर आशा एवं आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के माध्यम से चैनल का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जा रहा है, जिससे अधिकाधिक गर्भवती महिलाएं जागरूक होकर समय पर स्वास्थ्य सेवाओं का लाभ उठा सकें। सीएमएचओ डॉ. शर्मा ने बताया कि इस पहल के माध्यम से मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा की निरामय राजस्थान की संकल्पना को साकार करने में मदद मिल रही है। चैनल पर पूरक आहार, एनीमिया के लक्षण एवं रोकथाम, गर्भावस्था के दौरान सावधानियां, स्तनपान की उपयोगिता तथा पौष्टिक आहार जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां प्रशिक्षित चिकित्सकों द्वारा दी जा रही हैं। मंगलवार को आंगनबाड़ी केन्द्र सुवाणा द्वितीय का जिला स्तर से डीपीसी-आईईसी अशोक कुमार प्रजापत एवं डीपीसी-आशा बलबीर द्वारा निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान गर्भवती महिलाओं एवं शिशुओं को दी जा रही स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी ली गई तथा बच्चों को आयरन सिरप पिलाई गई। इस दौरान डीपीसी आईईसी ने आशा बहनों व सहायिकाओं को गर्भ की पाठशाला चौनल के माध्यम से अधिकाधिक संख्या में गर्भवती महिलाओं तक स्वास्थ्य सुरक्षा संबंधी उपयोगी जानकारियों का प्रचार प्रसार करने को कहा। इस दौरान बीएचएस रतन दाधीच, आंगनबाडी कार्यकर्ता चन्दा सेन, सहायिका सीमा कीर, आशा, नीतू टेलर सहित स्थानीय महिलाएं उपस्थित रही। डीपीसी (आईईसी) अशोक कुमार प्रजापत ने बताया कि राज्य सरकार की अभिनव पहल के तहत गर्भवती महिलाओं को मां व गर्भस्थ शिशु की सुरक्षा, देखभाल और पोषण से जुड़ी उपयोगी जानकारी सरल, सहज और रोचक भाषा में उपलब्ध कराने के लिए ‘गर्भ की पाठशाला’ यूट्यूब चौनल का संचालन किया जा रहा है। इसके माध्यम से गर्भवती महिलाओं को अब घर बैठे ही स्वास्थ्य से जुड़ी आवश्यक जानकारियां प्राप्त हो रही हैं। डीपीसी (आशा) बलबीर ने बताया कि ‘गर्भ की पाठशाला’ चैनल पर रोचक फिल्मों और डायग्राम के माध्यम से गर्भावस्था की पहचान, एनीमिया प्रबंधन, गर्भधारण पूर्व परामर्श, पोषण, सुरक्षित गर्भपात, सामान्य एवं सिजेरियन प्रसव सहित गर्भावस्था जैसी जानकारियां सरल भाषा में दी जा रही हैं। चैनल के माध्यम से नवजात शिशु की देखभाल, कंगारू मदर केयर, पूरक आहार, स्तनपान, बच्चों में अंतर रखने के उपाय तथा आईयूसीडी से संबंधित जानकारी भी दी जा रही है। चिकित्सा विभाग ने आमजन से अपील की है कि वे ‘गर्भ की पाठशाला’ यूट्यूब चैनल से जुड़कर स्वास्थ्य संबंधी जानकारियां प्राप्त करें और स्वयं व अपने परिवार के स्वास्थ्य को सुरक्षित बनाएं।
रिपोर्ट – पंकज पोरवाल
