Barmer news: युवक के साथ कुछ हुआ ऐसा जिसे जानकर आपको होंगे हैरानी

IANS | Mar 5, 2021

एंकर- भारत-पाक सीमा से सटे सरहदी बाड़मेर जिले की चौहटन तहसील के पनोरिया गांव में 32 साल के एक युवक के साथ कुछ ऐसा हुआ जिसे जानकर आपको हैरानी होगी। आयकर विभाग ने उसे 32.63 करोड़ रुपए के लेनदेन के मामले में 4.89 करोड़ रुपए बकाया टैक्स का नोटिस भेजा है। यह ट्रांजेक्शन उसके पैन कार्ड का इस्तेमाल करके खुले एक बिजनेस अकाउंट से किया गया है,जबकि युवक का कहना है कि वह मजदूर है और गांव में ऑटो रिक्शा चलाकर हर महीने 8-10 हजार रुपए कमाता है। वीओ- सरहदी सेड़वा के पनोरिया निवासी गजेदान पुत्र आवड़दान चारण ने बाखासर थाने में 19 फरवरी को एक रिपोर्ट देकर बताया कि 11 फरवरी 2021 को राज्य के टैक्स डिपार्टमेंट की ओर से 4.89 करोड़ रुपए टैक्स चुकाने का नोटिस दिया गया है। पीड़ित गजेदान का आरोप है कि उसका पेन,आधार, बैंक और अन्य जानकारी चौहटन की एक फाइनेंस कंपनी को उसने दी थी। करीब एक साल पूर्व उसने ऑटो रिक्शा खरीदी थी। उसे फाइनेंस करवाने के लिए उसने उसके दस्तावेज दिए थे। इसके अलावा वो एक किराणा दुकान भी चलाता है, जहां ग्रामीण क्षेत्र के लोगों के मोबाइल रिचार्ज करने के लिए एक-दो कंपनियों की आईडी ली थी उसके लिए भी दस्तावेज दिए थे,ऐसे में उसके दस्तावेज किसने उपयोग में लेकर ये धोखाधड़ी की है उसे कुछ मालूम नहीं है। पीड़ित गजेदान का आरोप है किसी अन्य व्यक्ति ने उसके नाम GST फर्म मैसर्स एसएलवी इंटरनेशनल पंजीकरण बनवाया है। जिसके पंजीयन में प्रयुक्त मोबाइल नंबर 9116921023 है, ई-मेल आईडी भी है, जो उसकी नहीं है। उसके नाम से किसी ने फर्जी फर्म का रजिस्ट्रेशन किया है। इस फर्म से 32 करोड़ 63 लाख 65 हजार 440 रुपए का गलत तरीके से किया गया है। जिसका GST 4 करोड़ 89 लाख 99 हजार 724 का गलत बोझ उस पर डाल दिया गया है। इस तरह का कोई लेनदेन उसने कभी नहीं किया है। बाईट 1- गजेदान,पीड़ित वीओ- पीड़ित गजेदान ने 19 फरवरी को बाखासर थाने में धोखाधड़ी और फर्जी तरीके से फर्म बनाकर करोड़ों के लेनदेन करने की अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दी थी, लेकिन 12 दिन बाद भी पुलिस ने मामला दर्ज नहीं किया है। इधर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक नरपतसिंह का कहना है कि परिवादी की रिपोर्ट के आधार पर बाखासर थाने में धोखाधड़ी का मामला दर्ज किया गया है,पुलिस द्वारा अनुसंधान जारी है। बाईट 2- नरपतसिंह, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक, बाड़मेर वीओ-बहरहाल बाड़मेर पुलिस की ढीली कार्रवाई पर भी सवालिया निशान खड़े होते है कि क्यो आखिर 12 दिन बाद मामला दर्ज किया गया। पुलिस मामले को दर्ज करने की बजाय ढिलाई बरतती नजर आई । बाड़मेर से ठाकराराम मेघवाल