जालोर : चार सूत्रीय मांगों को भाजपा का बेमियादी धरना

जागरूक टाइम्स 261 Jun 15, 2021

जालोर। भारतीय जनता पार्टी जालोर द्वारा चार सूत्रीय मांगों को लेकर भाजपा जिलाध्यक्ष श्रवणसिंह राव बोरली की अध्यक्षता में धरना प्रदर्शन एवं मुख्यमंत्री व राज्यपाल के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा। इस दौरान भाजपा पदाधिकारी एवं कार्यकर्ताओं ने धरना प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री एवं राज्यपाल के नाम जिला कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा इस दौरान जालोर विधायक जागेश्वर गर्ग, आहोर विधायक छगनसिंह राजपुरोहित, जिला प्रमुख राजेश राणा, नगर परिषद सभापति गोविन्द टांक, जिलामंत्री, पुखराज राजपुरोहित, किसान मोर्चा जिलाध्यक्ष धुखाराम राजपुरोहित, ओबीसी मोर्चा जिलाध्यक्ष ओबाराम देवासी, महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष मंजु सोलंकी, पूर्व महामंत्री जसराज राजपुरोहित, जालोर भाजपा नगर अध्यक्ष अधिवक्ता सुरेश सोलंकी, नगर महामंत्री दिनेश महावर, रतन सुथार, नाथूसिंह तीखी, राजवीर सिंह नोसरा, मुकेश राजपुरोहित, गजेन्द्र सिंह सिसोदिया, परमवीरसिंह भाटी, महेंद्र मुणौत, ओटाराम सोलंकी राजू परिहार, मनोहर राणा, हमेन्द ्रसिंह बगैडिया मौजूद रहे।

पेयजल उपलब्ध करवाने की मांग
वर्तमान गर्मी की ऋतु में जालोर जिले के लगभग हर गांव एवं ढाणी में पेयजल का संकट बना हुआ है। राजस्थान में वर्षों से यह परंपरा रही है कि गर्मी के आगमन से पर्याप्त समय पहले गर्मी की ऋतु में संभावित पेयजल संकट का आकलन करते हुए आपातकालीन व्यवस्थाएं की जाती है, दुर्भाग्य से पिछले 3 वर्षों में सरकार इस मोर्चे पर पूरी तरह असफल रही है। सूख चुके कुएं एवं हैंडपंपों के स्थान पर वैकल्पिक कुएं एवं हैंडपंप का निर्माण नहीं किया गया है। साथ ही नर्मदा जल से पोषित गांवों में भी पानी पर्याप्त मात्रा में नहीं पहुंच रहा है इस प्रकार पीने योग्य जल की कमी इस जल संकट का एक बड़ा कारण है, वहीं दूसरी ओर सरकार एवं जलदाय विभाग का कूप्रबंधन भी इसके लिए जिम्मेदार है।

जवाई पुनर्भरण योजना लागू करवाने की मांग
वर्ष 2017-2018 में तत्कालीन राज्य सरकार ने जवाई पुनर्भरण योजना लागू करने का विचार करके उसके लिए परियोजना तैयार करवा कर विधिवत मंजूरी भी दे दी थी, परंतु वर्तमान सरकार ने उस डीपीआर को पिछले ढाई वर्षो से ठंडे बस्ते में डाल रखा है। जवाई पुनर्भरण योजना जालौर, पाली एवं सिरोही तीनों जिलों के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण एवं महत्वाकांक्षी योजना है इन तीनों जिलों की जनता के उज्जवल भविष्य के लिए इस परियोजना का क्रियान्वयन अत्यंत आवश्यक है। वर्तमान सरकार राजनीतिक कारणों से इस परियोजना को दबा कर बैठी है जो एक जन विरोधी एवं अमानवीय कृत्य है। हम इसकी घोर निंदा करते हैं।

जोयला का उठाया मुद्दा, जताया रोष
सिरोही जिले के गौतम ऋषि मंदिर क्षेत्र से जो बरसात का पानी सुकड़ी नदी के रूप में जालौर जिले में आता है उस पर सिरोही जिले के जोयला गांव की सीमा में एक बड़ा एनीकट बनाने की स्वीकृति जारी की गई है। यदि यह एनीकट बन जाता है तो जवाई बांध की मार झेल रही जवाई नदी पूर्णतया सूखी हो जाएगी जिसके दुष्परिणाम के रूप में जालौर जिले में लगभग 300 किलोमीटर लंबाई में भूजल स्तर बहुत नीचे चला जाएगा। अत: जनहित में उस एनीकट की स्वीकृति तुरंत निरस्त की जाए।


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