मूवी रिव्यु : 'शादी में जरूर आना

   Posted Date : 11/10/2017 6:32:16 PM

बॉलीवुड एक्टर राजकुमार राव की फिल्म शादी में जरूर आना आज सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। अलग छाप छोडऩे वाले पावरपैक हीरो राजकुमार फिर से बड़े पर्दे पर हाजिर हैं। कहानी सत्येंद्र उफऱ् सत्तू (राजकुमार राव) और आरती (कृति खरबंदा ) की अरेंज मैरिज से स्टार्ट होती है लेकिन कहानी में ट्विस्ट तब आता है जब शादी की ही रात आरती घर छोड़कर भाग जाती है। शादी से पहले अपने करियर के ऊपर ध्यान देने का निर्णय करती है। 5 साल के बाद सत्तू एक आईएएस अफसर बन जाता है और वहीँ आरती भी पीसीएस अफसर बनकर काम करने लगती है।

एक बार फिर से सत्तू और आरती का आमना-सामना होता है लेकिन इस बार सत्तू को आरती से बहुत ज्यादा नफरत होती है क्योंकि शादी की रात जब आरती घर छोड़कर भागी थी तो उसकी वजह से सत्तू के पूरे खानदान की बेज्जती होती है। वैसे अंतत: क्या होता है, इसका पता आपको फिल्म देखकर ही चलेगा। फिल्म की कहानी लड़कियों की शिक्षा, नौकरी और समानता के अधिकार के साथ-साथ दहेज प्रथा की तरफ भी ध्यान आकर्षित करने का प्रयास करती है। डायरैक्शन बहुत बढिय़ा है और छोटे शहर के फ्लेवर को बड़े अच्छे तरीके से दिखाया गया है। राजकुमार राव ने फिल्म में दो अलग तरह के किरदारों को बखूबी निभाया है, एक जो प्यार करने वाला आशिक होता है और दूसरा जो बेहद नफरत करता है। इसके साथ ही कृति खरबंदा का किरदार भी काबिल ऐ तारीफ है।

बाकी मनोज पाहवा, गोविन्द नामदेव और कलाकारों का काम सहज है। फिल्म के कुछ गाने कहानी को आगे ले जाते हैं, तो वहीँ कुछ बोर भी करते हैं। फिल्म के संवाद कहीं कहीं आपको हसाते भी हैं। फिल्म की कमजोर कडिय़ों में इसकी कहानी है। कहानी की शुरुआत तो दिलचस्प होती है पर इंटरवल के बाद कहानी बिखर जाती है।घरेलू ड्रामा को भी और ज्यादा अच्छे तरीके से लिखा जा सकता था। फिल्म के गाने रिलीज से पहले हिट नहीं हो पाए। फिल्म का बजट लगभग 15 करोड़ है और इसे 800 से ज्यादा स्क्रीन्स में रिलीज किया गया है।

Visitor Counter :